
पारदर्शी विकास ब्यूरो कसया/कुशीनगर। रामकोला क्षेत्र के मांडेराय स्थित टेकुआटार बिजली घर एक बार फिर विवादों के केंद्र में आ गया है। परसौना खुर्द में जर्जर विद्युत तारों को बदलने और पिछले एक सप्ताह से लगातार रात में हो रही अघोषित बिजली कटौती से क्षेत्र के सैकड़ों गांवों के उपभोक्ता परेशान हैं। लगातार बाधित हो रही बिजली व्यवस्था को लेकर लोगों में बिजली विभाग के अधिकारियों के प्रति भारी नाराजगी देखने को मिल रही है।गुरुवार को सदस्य जिला पंचायत प्रतिनिधि बलराम राव के नेतृत्व में क्षेत्र के विभिन्न गांवों के दर्जनों उपभोक्ता रामकोला बिजली घर पहुंचे और अघोषित विद्युत कटौती पर नाराजगी जताई। उपभोक्ताओं के अनुसार रात में कई-कई बार बिजली काटी जा रही है, जिससे आमजन का जीवन प्रभावित हो रहा है।बताया गया कि बिजली घर पर मौजूद जेई और एसडीओ ने कटौती की जिम्मेदारी कसया स्थित 132 केवी स्टेशन पर डाल दी। इसके बाद नाराज उपभोक्ता अधीक्षण अभियंता कार्यालय, कसया पहुंच गए और टेकुआटार फीडर से जुड़ी समस्याओं को विस्तार से अधिकारियों के सामने रखा।इस दौरान बलराम राव ने अधीक्षण अभियंता को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि रात में हो रही अघोषित बिजली कटौती जल्द नहीं रोकी गई तो क्षेत्रीय जनता के साथ एसई कार्यालय का घेराव किया जाएगा। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा लगाए गए पोस्टरों में ग्रामीण क्षेत्रों को 20 घंटे बिजली आपूर्ति का दावा किया जा रहा है, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है।उपभोक्ताओं ने अधिकारियों से सवाल किया कि जब शासनादेश और सरकारी होर्डिंग में नियमित आपूर्ति का दावा है तो फिर बार-बार कटौती क्यों हो रही है। इस पर अधिकारियों के पास संतोषजनक जवाब नहीं था।मामले की गंभीरता को देखते हुए अधीक्षण अभियंता राकेश मोहन ने अधिशासी अभियंता खंड हाटा से रिपोर्ट तलब की है। साथ ही उन्होंने भरोसा दिलाया कि बिजली घर का लोड बढ़ाकर और आपूर्ति अवधि में सुधार कर समस्या का समाधान कराया जाएगा।