
पारदर्शी विकाश न्यूज़ लखनऊ। सरोजनी नगर थाना क्षेत्र में अमौसी एयरपोर्ट पर कस्टमर सर्विस एग्जीक्यूटिव के पद पर कार्यरत 30 वर्षीय किरन यादव की इलाज के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने कृष्णानगर स्थित एक निजी अस्पताल के डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है।जानकारी के अनुसार, बदाली खेड़ा निवासी किरन यादव गुरुवार को अपनी ड्यूटी पर एयरपोर्ट गई थीं। उनके पति जंग बहादुर, जो लखनऊ मेट्रो में इंजीनियर हैं, ने बताया कि रात करीब आठ बजे उन्हें एयरपोर्ट से सूचना मिली कि किरन की तबीयत अचानक खराब हो गई है। सूचना मिलने पर वह एयरपोर्ट पहुंचे और प्राथमिक उपचार कराने के बाद पत्नी को घर ले आए।परिजनों के मुताबिक देर रात किरन की हालत फिर बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें कृष्णानगर स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। आरोप है कि अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें तीन इंजेक्शन लगाए, जिसके बाद उनकी स्थिति और गंभीर हो गई। परिवार का कहना है कि काफी देर तक उन्हें मरीज की हालत के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई।शुक्रवार सुबह एक वरिष्ठ डॉक्टर को बुलाया गया, जिन्होंने जांच के बाद किरन को मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।मृतका अपने पीछे पति और एक बेटी को छोड़ गई हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मौत के कारणों की जांच की जाएगी। वहीं परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन और संबंधित डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।