
Pardarshi Vikas News Mathura
10 अप्रैल को यमुना में स्टीमर डूबने से जान गंवाने वाले लोगों की आत्म शांति के लिए मंगलवार को केशीघाट पर हवन-पूजन किया गया। यमुना नदी के तट पर आयोजित इस कार्यक्रम में तीर्थ पुरोहितों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच आहुति दी और मृतकों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
कार्यक्रम का आयोजन तीर्थ पुरोहित बाबूलाल पंडा के नेतृत्व में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। हवन के बाद ब्राह्मण भोज भी कराया गया। इस दौरान पुरोहितों ने हादसे के लिए प्रशासनिक लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया। उनका कहना था कि स्टीमर का संचालन नियमों के विपरीत हो रहा था, ओवरलोडिंग की जा रही थी और यात्रियों को लाइफ जैकेट तक उपलब्ध नहीं कराई गई थी।
गौरतलब है कि 10 अप्रैल को केशीघाट के पास स्टीमर पॉन्टून पुल से टकराकर डूब गया था, जिसमें 16 पर्यटकों की मौत हो गई थी। हादसे के बाद प्रशासन ने व्यवस्थाओं में सुधार के दावे किए हैं, लेकिन स्थानीय लोगों में अब भी नाराजगी बनी हुई है।