
PARDARSHI VIKASH NEWS कर्नाटक में नेतृत्व परिवर्तन के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के एक दिन बाद सिद्धारमैया शुक्रवार को दिल्ली पहुंचे, जहां उन्होंने राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से मुलाकात की। माना जा रहा है कि नई कैबिनेट गठन और समर्थकों को अहम जिम्मेदारियां दिलाने को लेकर चर्चा हुई।मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सिद्धारमैया ने अपने बेटे यतींद्र सिद्धारमैया के लिए नई सरकार में अहम मंत्रालय की मांग भी रखी है। वहीं पार्टी सूत्रों का कहना है कि डीके शिवकुमार अगले हफ्ते नए मंत्रिमंडल के साथ मुख्यमंत्री पद की शपथ ले सकते हैं। सरकार में सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन साधने के लिए चार डिप्टी सीएम बनाए जाने की भी चर्चा है।सूत्रों के अनुसार नई कैबिनेट में सिद्धारमैया खेमे का दबदबा रह सकता है। मौजूदा मंत्रिमंडल से करीब 10 मंत्रियों की छुट्टी हो सकती है। कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे के बेटे प्रियंक खड़गे को भी डिप्टी सीएम बनाए जाने की संभावना जताई जा रही है।2023 विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की जीत के बाद सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार के बीच मुख्यमंत्री पद को लेकर लंबी खींचतान चली थी। बाद में दोनों नेताओं के बीच ढाई-ढाई साल के फॉर्मूले की चर्चा सामने आई थी, हालांकि पार्टी ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की थी।पार्टी हाईकमान ने हालिया विवादों और सरकार के खिलाफ बढ़ती नाराजगी को देखते हुए नेतृत्व परिवर्तन का फैसला लिया। वहीं डीके शिवकुमार की गिनती कांग्रेस के सबसे प्रभावशाली नेताओं में होती है। उन पर कई मामलों की जांच भी चल रही है, लेकिन संगठन और चुनाव प्रबंधन में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है।