
राजस्व मामलों का शीघ्र निस्तारण और जनसमस्याओं का समाधान सर्वोच्च प्राथमिकता: मजिस्ट्रेट
पारदर्शी विकास ब्यूरो कसया, कुशीनगर। कसया तहसील में बुधवार को प्रशासनिक व्यवस्था में नया अध्याय शुरू हुआ। आईएएस अधिकारी जी. अक्षय दीपक ने ज्वाइंट मजिस्ट्रेट एवं एसडीएम कसया के रूप में विधिवत कार्यभार ग्रहण किया। पदभार संभालते ही उन्होंने औपचारिकताओं से इतर सीधे जनता के बीच पहुंचकर तहसील आए फरियादियों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को शिकायतों का त्वरित, गुणवत्तापूर्ण और निष्पक्ष निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।कार्यभार ग्रहण के दौरान तहसीलदार धर्मवीर सिंह, नायब तहसीलदार राहुल खरवार और न्यायिक तहसीलदार विजय कुमार यादव समेत तहसील के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने नए ज्वाइंट मजिस्ट्रेट का स्वागत किया और उन्हें तहसील की प्रशासनिक, राजस्व एवं न्यायिक व्यवस्था की विस्तृत जानकारी दी।ज्वाइंट मजिस्ट्रेट जी. अक्षय दीपक ने स्पष्ट किया कि धारा 116 और धारा 24 के मामलों का समयबद्ध एवं निष्पक्ष निस्तारण उनकी प्रमुख प्राथमिकता होगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि राजस्व मामलों में अनावश्यक विलंब किसी भी स्थिति में न हो। फरियादियों को न्याय के लिए कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और प्रत्येक मामले में नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।उन्होंने कहा कि जनता से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता के साथ काम किया जाए। तहसील प्रशासन में पारदर्शिता, जवाबदेही और निष्पक्षता को सर्वोच्च महत्व दिया जाएगा। जी. अक्षय दीपक ने कहा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का वास्तविक लाभ पात्र और जरूरतमंद लोगों तक पहुंचना चाहिए। लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ लेने में अनावश्यक परेशानी न हो, इसके लिए विभागीय अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है।उन्होंने अधिकारियों से कहा कि तहसील में आने वाली प्रत्येक जनसमस्या को गंभीरता से लिया जाए और संबंधित विभागों के साथ समन्वय बनाकर उसका प्रभावी समाधान कराया जाए। जी. अक्षय दीपक इससे पूर्व झांसी में तैनात रहे हैं। अब उन्हें कुशीनगर की महत्वपूर्ण कसया तहसील की जिम्मेदारी मिली है। इससे पहले कसया में 30 जून 2022 तक आईएएस ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के पद पर पूर्ण बोहरा तैनात रहे थे। नए ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के कार्यभार ग्रहण करने के साथ ही तहसील क्षेत्र के लोगों में लंबित राजस्व मामलों के शीघ्र निस्तारण, फरियादियों की समस्याओं के प्रभावी समाधान और सरकारी योजनाओं का लाभ पात्रों तक पहुंचने की उम्मीद जगी है।