
PARDARSHI VIKASH NEWS लखनऊ में हुए हादसे के बाद प्रशासन ने अवैध व्यावसायिक इमारतों के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। मथुरा-वृंदावन में पिछले तीन दिनों से चल रही जांच के दौरान प्रशासन की टीमों ने गुरुवार को 11 और गेस्ट हाउस सील कर दिए। कार्रवाई से गेस्ट हाउस संचालकों में हड़कंप मचा हुआ है।मथुरा-वृंदावन विकास प्राधिकरण ने आवासीय क्षेत्रों में बिना अनुमति संचालित हो रही व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ अभियान शुरू किया है। विकास प्राधिकरण, फायर विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम सिटी मजिस्ट्रेट के नेतृत्व में चैतन्य बिहार और रुक्मिणी बिहार क्षेत्रों में जांच कर रही है।गुरुवार को टीम सेक्टर-1 क्षेत्र में बने गेस्ट हाउसों की जांच करने पहुंची। देर शाम तक कई भवनों का निरीक्षण किया गया। जांच में 11 गेस्ट हाउस ऐसे मिले, जहां सुरक्षा मानकों की अनदेखी की गई थी। कई संचालकों ने न तो फायर विभाग से एनओसी ली थी और न ही विकास प्राधिकरण से नक्शा स्वीकृत कराया था।इस अभियान के तहत तीन दिनों में कुल 46 गेस्ट हाउस सील किए जा चुके हैं। मंगलवार को 16, बुधवार को 19 और गुरुवार को 11 गेस्ट हाउस पर कार्रवाई हुई। इसके अलावा पहले दिन 6 कोचिंग संस्थान, 4 लाइब्रेरी, एक रेस्टोरेंट और एक होटल भी सील किए गए थे।सील किए गए गेस्ट हाउसों में प्रिया कुंज धाम, अमर शीला रेजिडेंसी, श्री जू धाम, वृंदावन बालाजी सदन, श्री मिथिला धाम, राधा वन, आश्रम गोकर्ण नाथ, सरिताश्र्य निकुंज, राधा रमण धाम और गोपाला निकुंज समेत अन्य शामिल हैं।सिटी मजिस्ट्रेट अनुपम मिश्रा ने बताया कि बिना वैधानिक अनुमति और सुरक्षा मानकों के किसी भी सील इमारत में व्यावसायिक गतिविधि संचालित नहीं होने दी जाएगी। प्रशासन की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।