news-details

नहर टूटी, श्मशान घाट नदी में समाया

You can share this post!

 

पारदर्शी विकास ब्यूरो कसया (कुशीनगर)। कसया तहसील क्षेत्र के सोहसा मठिया गांव के पास खजुरिया नहर शाखा की दाहिनी पटरी शुक्रवार देर रात टूट गई। करीब दस मीटर पटरी क्षतिग्रस्त होने से नहर का पानी तेज बहाव के साथ खेतों और आबादी की ओर फैल गया। हादसे में सैकड़ों एकड़ गन्ना और धान की फसल जलमग्न हो गई, जबकि सोहसा दूबौली श्मशान घाट नदी में समा गया। पेड़ बिजली लाइन पर गिरने से 50 से अधिक गांवों की बिजली आपूर्ति भी शनिवार दोपहर तक बाधित रही।अत्यधिक जलदबाव के कारण नहर टूटते ही पानी आसपास के खेतों में भर गया। देखते ही देखते किसानों की खड़ी फसलें डूब गईं। पानी का बहाव इतना तेज था कि कई घरों तक पानी पहुंच गया और एक मुर्गी फार्म भी जलमग्न हो गया। ग्रामीण पूरी रात हालात पर नजर बनाए रहे।हादसे में सबसे अधिक नुकसान सोहसा दूबौली श्मशान घाट को हुआ। कटान के चलते पूरा श्मशान घाट नदी में विलीन हो गया। इस घाट पर क्षेत्र के तीन दर्जन से अधिक गांवों के लोग अंतिम संस्कार करते हैं। इसके बह जाने से ग्रामीणों के सामने नई समस्या खड़ी हो गई है।नहर किनारे लगे पेड़ टूटकर सोहसा मठिया विद्युत उपकेंद्र की मुख्य लाइन पर गिर पड़े। इससे 50 से अधिक गांवों की बिजली आपूर्ति प्रभावित हो गई। विद्युत विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद लाइन दुरुस्त करने का कार्य शुरू कियाशनिवार दोपहर सूचना मिलने पर कुशीनगर विधानसभा के पूर्व प्रत्याशी राजेश प्रताप राव 'बंटी' ने प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके से ही उपजिलाधिकारी से दूरभाष पर वार्ता कर त्वरित राहत, श्मशान घाट के पुनर्निर्माण और किसानों को मुआवजा दिलाने की मांग की।उधर, नहर विभाग के एसडीओ और जेई सुबह से ही टूटी पटरी की मरम्मत में जुटे रहे। मौके पर पूर्व प्रमुख लल्लन चौधरी, जिला पंचायत सदस्य प्रदीप सिंहमंटू रावप्रदीप कुमार, पूर्व प्रधान सच्चिदानंद सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।