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सहकारिता से आत्मनिर्भर भारत का सपना होगा साकार : अरविन्द दुबे

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उन्नाव। सहकार भारती की जिला कार्यकारिणी की बैठक मंगलवार को सफीपुर स्थित रमा रिसोर्ट में आयोजित हुई। बैठक में संगठन विस्तार, सहकारिता के प्रचार-प्रसार, किसानों की आर्थिक उन्नति तथा महिला सहभागिता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेश महामंत्री अरविन्द दुबे ने कहा कि “बिना संस्कार नहीं सहकार” सहकार भारती का मूल मंत्र है और संगठन सहकारिता की भावना को गांव-गांव तक पहुंचाने का कार्य कर रहा है।अरविन्द दुबे ने कहा कि सहकारिता केवल एक आर्थिक व्यवस्था नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और सामाजिक समरसता का आधार है। “सर्वे भवन्तु सुखिनः, सर्वे सन्तु निरामयाः” जैसे भारतीय जीवन मूल्यों को व्यवहार में उतारने का सबसे प्रभावी माध्यम सहकारिता आंदोलन है। उन्होंने कहा कि गरीब, किसान, श्रमिक, दलित, वंचित और निम्न आय वर्ग के लोगों के स्थायी आर्थिक विकास का सबसे मजबूत माध्यम सहकारिता है।

उन्होंने कहा कि सहकार भारती देशभर में सहकारिता के माध्यम से आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को साकार करने के लिए लगातार कार्य कर रही है। संगठन का उद्देश्य केवल शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी सहकारिता की सोच को मजबूत करना है। उन्होंने उत्तर प्रदेश में भी अन्य राज्यों की तर्ज पर किसानों को ब्याजमुक्त कृषि ऋण उपलब्ध कराने की मांग उठाई, ताकि किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत हो और कृषि क्षेत्र को नई गति मिल सके।कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक, गुरुजी तथा सहकार भारती के प्रेरणास्रोत लक्ष्मणराव इनामदार के चित्रों पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद सहकार गीत प्रस्तुत किया गया तथा परिचय सत्र आयोजित हुआ।

बैठक में प्रदेश मंत्री सतीश कठेरिया ने सहकार भारती के उद्देश्यों, योजनाओं और संगठन विस्तार पर प्रकाश डाला। विभाग सहसंयोजक सतीश गुप्ता ने "सहकारिता से समृद्धि" विषय पर कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया। महिला प्रमुख किरण पांडेय ने जनपद की महिलाओं की सक्रिय भागीदारी का भरोसा दिलाया।जिलाध्यक्ष पंकज श्रीवास्तव सहित पदाधिकारियों ने प्रदेश महामंत्री अरविन्द दुबे और अन्य अतिथियों का अंगवस्त्र, स्मृति चिन्ह एवं माल्यार्पण कर स्वागत किया। बैठक में अमित मिश्रा, सौरभ तिवारी, रघुनाथ शास्त्री, धर्मेंद्र सिंह, सोनेलाल रावत, सोनू श्रीवास्तव, मदन चंद्र, सुशील दीक्षित, कमलेश निषाद, राधिका सिंह, बबिता तिवारी, पलक पांडेय, प्रियंका राजपूत, रानी तिवारी, राजश्री गौतम सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।