
और विधायक महाराजी प्रजापति के जनसम्पर्क कार्यालय पर पराक्रम और शौर्य के प्रतीक महा ज्ञानी भगवान परशुराम की जयंती श्रद्धा और सद्भाव के वातावरण में मनाई गई। विधायक महाराजी प्रजापति और उनके परिवार ने भगवान परशुराम की पूजा के बाद ब्राह्मणों को अंग वस्त्र भेंट कर सम्मानित किया। विधायक महाराजी प्रजापति ने कहा कि हमारा परिवार शुरू से ही ब्राह्मणों का सेवक रहा है। ब्राह्मण समाज, समाज का नेतृत्वकर्ता और अगुवा रहा है।हम आजीवन ब्राह्मण समाज की सेवा और सम्मान में कभी पीछे नहीं रहेंगे।पूर्व मंत्री के कनिष्ठ पुत्र अनुराग प्रजापति ने कहा कि हमारे पिता पूर्व मंत्री गायत्री प्रसाद प्रजापति ब्राह्मणों की सेवा और सम्मान में हमेशा आगे रहे हैं। विधायक के रूप में 150से अधिक ब्राह्मणों के इलाज में मदद की है। मंत्री जी से जुड़े ब्राह्मण समाज के लोगों ने जो भी विकास और मदद के काम बताए हैं, सभी काम शत-प्रतिशत पूरे किए गए हैं।संचालन कर रहे सुभाष पंडित ने विधायक महाराजी प्रजापति को लक्ष्मी बाई और देवी की संज्ञा दी और कहा कि विपरीत परिस्थितियों में प्रजापति परिवार कभी भी जनसेवा और गरीबों और जरुरतमंद लोगों की सेवा के कार्य से कभी पीछे नहीं हटा है।समाजवादी पार्टी शिक्षक सभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ रूदल यादव ने भगवान परशुराम के जीवन दर्शन का गुणगान किया और कहा कि भगवान परशुराम ने हमेशा अन्याय का प्रतिकार किया और न्याय के पथ पर चलते रहने का संदेश दिया है। पराक्रम और शौर्य के प्रतीक भगवान परशुराम महाज्ञानी थे।सभा को कवि एवं पत्रकार सुधीर रंजन द्विवेदी, बबलू तिवारी,गाड मिश्र,जय नारायण पाण्डेय,पवन तिवारी आदि ने संबोधित किया।कार्यक्रम में अरुण प्रजापति, महावीर कश्यप, ग्राम प्रधान त्रिभुवन यादव, सरिता सिंह एडवोकेट हरीराम यादव,बृजकेश श्रीवास्तव, राहुल कनौजिया, संदीप श्रीवास्तव, अशोक यादव, एडवोकेट बृजेश पांडेय आदि मौजूद रहे।